ये जिंदगी कुछ ऐसे कहर ढाती है,
काली रात के पहले रोशन सहर लाती है,
संवरती है कभी ये गुलशन की तरह,
और कभी टूटकर ये कांच सी बिखर जाती है |
टकराती हैं जैसे किनारों से लहरें,
कुछ इसी तरह हालात से टकराती है,
आते हैं कई मोड़ राह में मगर,
हर मोड़ से ये बिना रुके गुज़र जाती है|
मेहरवान हो किसी पर अगर ये जिंदगी,
तो हर पल को खुशबू सा महकाती है
और अगर किसी से रूठ जाये तो,
ये काँटों की झाड़ी सी नज़र आती है |
******
वक़्त बेवक्त चली आती हैं यादें उनकी,
दर्द-ए-दिल को और बढाती हैं यादें उनकी,
हर अश्क में नज़र आता चेहरा उनका,
कुछ इस तरह रुलाती हैं यादें उनकी |
******
चाहा है उनको कुछ इस कदर हमने,
कि अपनी दुनिया उनके लिए पराई की है,
काँप उठते हैं अब वफ़ा के नाम से,
उन्होंने कुछ इस कदर बेवफाई की है |
******
आज फिर मेरी आँखों में पानी है,
होंठो पर एक दर्द भरी कहानी है,
ए हवाओं थम जाओ कुछ देर के लिए,
मुझे दिल के ज़ख्मों में मरहम लगानी है|
काली रात के पहले रोशन सहर लाती है,
संवरती है कभी ये गुलशन की तरह,
और कभी टूटकर ये कांच सी बिखर जाती है |
टकराती हैं जैसे किनारों से लहरें,
कुछ इसी तरह हालात से टकराती है,
आते हैं कई मोड़ राह में मगर,
हर मोड़ से ये बिना रुके गुज़र जाती है|
मेहरवान हो किसी पर अगर ये जिंदगी,
तो हर पल को खुशबू सा महकाती है
और अगर किसी से रूठ जाये तो,
ये काँटों की झाड़ी सी नज़र आती है |
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वक़्त बेवक्त चली आती हैं यादें उनकी,
दर्द-ए-दिल को और बढाती हैं यादें उनकी,
हर अश्क में नज़र आता चेहरा उनका,
कुछ इस तरह रुलाती हैं यादें उनकी |
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चाहा है उनको कुछ इस कदर हमने,
कि अपनी दुनिया उनके लिए पराई की है,
काँप उठते हैं अब वफ़ा के नाम से,
उन्होंने कुछ इस कदर बेवफाई की है |
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आज फिर मेरी आँखों में पानी है,
होंठो पर एक दर्द भरी कहानी है,
ए हवाओं थम जाओ कुछ देर के लिए,
मुझे दिल के ज़ख्मों में मरहम लगानी है|
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